इश्क ओर दोस्ती मेरे दो जहान है,
इश्क मेरी रुह, तो दोस्ती मेरा ईमान है,
इश्क पर तो फिदा करदु अपनी पुरी जिंदगी,
पर दोस्ती पर, मेरा इश्क भी कुर्बान है...)
दिल मे एक शोर सा हो रहा है.
बिन आप के दिल बोर हो रहा है.
बहुत कम याद करते हो आप हमे.
कही ऐसा तो नही की…
ये दोस्ती का रिस्ता कंज़ोर हो रा है...)
माना के किस्मत पे मेरा कोई ज़ोर नही….
पर ये सच ह के मोहब्बत मेरी कमज़ोर नही,
उस के दिल मे, उसकी यादो मे कोई और है लेकिन,
मेरी हर साँस में उसके सिवा कोई और नही...)
मोहब्बत का नतीजा,
दुनिया में हमने बुरा देखा,
जिन्हे दावा था वफ़ा का,
उन्हें भी हमने बेवफा देखा...)
इश्क मेरी रुह, तो दोस्ती मेरा ईमान है,
इश्क पर तो फिदा करदु अपनी पुरी जिंदगी,
पर दोस्ती पर, मेरा इश्क भी कुर्बान है...)
दिल मे एक शोर सा हो रहा है.
बिन आप के दिल बोर हो रहा है.
बहुत कम याद करते हो आप हमे.
कही ऐसा तो नही की…
ये दोस्ती का रिस्ता कंज़ोर हो रा है...)
माना के किस्मत पे मेरा कोई ज़ोर नही….
पर ये सच ह के मोहब्बत मेरी कमज़ोर नही,
उस के दिल मे, उसकी यादो मे कोई और है लेकिन,
मेरी हर साँस में उसके सिवा कोई और नही...)
मोहब्बत का नतीजा,
दुनिया में हमने बुरा देखा,
जिन्हे दावा था वफ़ा का,
उन्हें भी हमने बेवफा देखा...)
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